................................... नमस्कार ......!!
कुछ दिनों के अंतराल के बाद फिर मुखातिब हूँ , नवीनतम के साथ ... ।
मौन की बूंदों की आवाजें, सन्नाटों का हल्का शोर !
स्वयं से मिलना ऐसा जेसे, नदिया के दो अपने छोर !!
- मनीष
कुछ दिनों के अंतराल के बाद फिर मुखातिब हूँ , नवीनतम के साथ ... ।
मौन की बूंदों की आवाजें, सन्नाटों का हल्का शोर !
स्वयं से मिलना ऐसा जेसे, नदिया के दो अपने छोर !!
- मनीष